हर विधानसभा में केवल पांच पोलिंग बूथ की VVPAT पर्चियों का होगा मिलान- SC,

सुप्रीम कोर्ट ने मंगलवार को 21 दलों की उस याचिका को खारिज कर दिया, जिसमें मांग की गई थी कि पचास फीसदी VVPAT की पर्चियों का मिलान ईवीएम से किया जाए. लेकिन शीर्ष कोर्ट ने राहत देते हुए प्रत्येक विधानसभा में पांच मतदान केंद्रों की ईवीएम का वीवीपैट पर्चियों से मिलान करने का आदेश दिया है.

पहले ये सीमा एक विधानसभा क्षेत्र में केवल एक मतदान केंद्र की ईवीएम का वीवीपैट की पर्चियों से मिलान करने की थी. सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद अब 23 मई को होने वाली मतगणना में 20,600 मतदान केंद्री की ईवीएम से वीवीपैट की पर्चियों का मिलान किया जाएगा. बता दें कि इस बार लोकसभा चुनाव के लिए चुनाव आयोग ने देशभर में दस लाख 35 हजार मतदान केंद्र बनाए हैं.

ईवीएम से वीवीपैट की पर्चियों के मिलान वाली याचिका सुप्रीम कोर्ट में आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री चंद्रबाबू नायडू की अगुवाई में विपक्ष के नेताओं ने दायर की थी. याचिकाकर्ताओं के वकील अभिषेक मनु सिंघवी ने पीठ को बताया कि शीर्ष अदालत ने प्रत्येक विधानसभा क्षेत्र में ईवीएम में पड़े मतों से वीवीपैट पर्चियों के मिलान का काम पांच मतदान केंद्र तक किया था, लेकिन अब उन्होंने इसे 25 फीसदी तक बढ़ाने की मांग की है.

अब शीर्ष कोर्ट प्रत्येक विधानसभा क्षेत्रों में केवल पांच पोलिंग बूथ की ईवीएम का वीवीपैट की पर्चियों से मिलान करे का आदेश दिया है. बता दें कि पूरे देश में 4120 विधानसभा सीटें हैं इस लिहाज से देखा जाए तो पूरे देश में अब वोटों की गिनती वाले दिन 20,600 मतदान केंद्रों की ईवीएम का वीवीपैट की पर्चियों से मिलान करना होगा. इसलिए चुनाव परिणाम आने में थोड़ी देरी हो सकती है.