इटावा हादसा: सुपरवाइजर की जांच पूरी, सामने आई मृतक यात्रियों की ही लापरवाही

नार्थ सेन्ट्रल रेलवे जोन के सीपीआरओ अजीत कुमार सिंह का कहना है कि चारों यात्री जनरल टिकट लेकर अवध एक्सप्रेस में यात्रा कर रहे थे. वह कानपुर से सवार हुए थे और उन्हें सूरत तक जाना था. बलरई रेलवे स्टेशन पर ये चारों प्लेटफार्म के बजाय गलत साइड से नीचे उतरे और राजधानी एक्सप्रेस की चपेट में आने से उनकी मौत हो गई.

  Etawah accident- passengers fault prove in supervisor's investigation completed, four people hit by Rajdhani express

प्रयागराज: इटावा जिले के बलरई रेलवे स्टेशन पर आज सुबह राजधानी एक्सप्रेस ट्रेन की चपेट में आने से चार यात्रियों की मौत के मामले में रेलवे की सुपरवाइजर की जांच पूरी हो गई है. सुपरवाइजर जांच में मौत का शिकार हुए यात्रियों की ही लापरवाही सामने आई है. रेलवे ने इसी वजह से अभी तक पीड़ित परिवारों को किसी तरह का मुआवजा देने का एलान अभी तक नहीं किया है.

इस बारे में नार्थ सेन्ट्रल रेलवे जोन के सीपीआरओ अजीत कुमार सिंह का कहना है कि चारों यात्री जनरल टिकट लेकर अवध एक्सप्रेस में यात्रा कर रहे थे. वह कानपुर से सवार हुए थे और उन्हें सूरत तक जाना था. बलरई रेलवे स्टेशन पर ये चारों प्लेटफार्म के बजाय गलत साइड से नीचे उतरे और राजधानी एक्सप्रेस की चपेट में आने से उनकी मौत हो गई.

अभी तक की जांच में यात्रियों की ही लापरवाही सामने आई है, इसलिए वैध यात्री होने के बावजूद इनके परिवार वालों को कोई मुआवजा नहीं दिया जाएगा. उनके मुताबिक़ अगर ज़रुरत पड़ी तो इस मामले में उच्चस्तरीय जांच भी कराई जाएगी. मौत का शिकार हुए चारों लोग यूपी के कौशाम्बी जिले के रहने वाले हैं.

दरअसल अवध एक्सप्रेस ट्रेन मुजफ्फपुर से बांद्रा टर्मिनल जा रही थी, तभी बलरई स्टेशन के प्लेटफॉर्म पर अवध को लूप लाइन पर खड़ा करके कानपुर की ओर से दिल्ली जा रही राजधानी एक्सप्रेस ट्रेन को पास कराया जा रहा था. गर्मी के चक्कर में अवध एक्सप्रेस ट्रेन के कई यात्री प्लेटफार्म के उलटी साइड में पटरी पर खड़े थे कि तभी तेज रफ्तार से आई राजधानी एक्सप्रेस की चपेट में आ गए.