पुलिस-वकील विवाद पहुंचा दिल्ली हाईकोर्ट, अदालत ने जारी किया BCI को नोटिस


देश की राजधानी दिल्ली में वकीलों और पुलिस के बीच हुई हिंसा पिछले चार दिनों से जारी है। शनिवार को तीस हजारी कोर्ट के बाहर हुई लड़ाई के बाद पुलिस के जवान वकीलों के खिलाफ प्रदर्शन करने पर उतर आए। मंगलवार को केंद्र सरकार के आश्वासन के बाद यह धरना प्रदर्शन खत्म हुआ। फिलहाल सभी जवान अपनी-अपनी ड्यूटी पर लौट गए हैं। पुलिस और वकीलों की लड़ाई का मामला अब दिल्ली हाईकोर्ट जा पहुंचा है। इस मामले में अदालत ने बार काउंसिल ऑफ इंडिया को नोटिस जारी किया था।

हालात अभी भी जैसे के तैसे बने हुए है, बस पुलिस का धरना प्रर्दशन खत्म हो गया है। पुलिस वालों का कहना है अधिकारियों से आश्वासन मिलने के बाद हमने धरना खत्म करने का निर्णय लिया है। पुलिस की हड़ताल को रोकने के लिए केंद्र सरकार ने दिल्ली हाईकोर्ट में इस मामले की सुनवाई की अपील की थी, जिसके बाद अब अदालत ने बीसीआई और अन्य काउंसिल को नोटिस जारी किया है। हालांकि वकीलों की हड़ताल अभी भी जारी है।

न्याय के लिए दिल्ली पुलिस का धरना (फोटो: PTI)

उनका कहना है कि जब तक पुलिसकर्मियों को गिरफ्तार नहीं किया जाएगा जब तक वो काम पर नहीं लौटेंगे। शनिवार को जब पुलिस ने फायरिंग शुरु की तो वकीलों ने भी गाड़ियों में आग लगाना शुर कर दिया और आस-पास की सभी गाड़ियों को तोड़ दिया। इस घटना में काफी पुलिसवाले घायल भी हो गए।

10 घंटे के धरने के बाद ये प्रदर्शन खत्म हुआ। साथ ही दिल्ली पुलिस ने अपने उन जवानों को 25 हजार रुपए देने की घोषणा की है जो इस हिंसा में घायल हो गए है। गृह मंत्रालय इस मामले पर नजर बनाए हैं क्योंकि यह मामला गृह मंत्रालय के अंडर आता है। मंत्रालय की ओर से कहा गया है कि इस मामले की जांच चल रही है। जैसे ही कुछ नतीजे आएगे उसके बाद इस मामले पर कार्रवाई की जाएगी।

इतना ही नहीं कोर्ट में गृह मंत्री की ओर से अपील भी की गई है कि 3 नवंबर को दिए गए उस आदेश पर विचार किए जाएं जिसमें वकीलों के खिलाफ एक्शन न लेने की बात कही गई है। गौरतलब है कि बीत दिन जवानों ने पुलिस कमिश्नर को देख ये भी नारे लगाए थे कि हमारा सीपी कैसा हो किरण बेदी जैसा हो। इतना ही नहीं इस हिंसा को देख अन्य राज्यों के आईएएस एसोसिएशन दिल्ली पुलिस के समर्थन में आ गए थे।

संपादकः प्रीति पाल

hi_INHindi
hi_INHindi
Share via
Copy link
Powered by Social Snap